नोट बंदी के बाद ए टी एम असुविधा, दो हज़ार के नोट से जुड़े प्रश्न, अपर्याप्त नए नोट की समस्या की वजह से उम्मीद से ज्यादा तक़लीफ़देह स्थिति जरूर है एवं व्यापक विरोध की वजह भी परंतु इस संबंध में भ्रष्टाचार विरोध मुहिम की वजह से एक आम स्वीकार्यता भी बढ़ रही है वाबजूद इसके सरकार की मंशा पर सिर्फ मीडिया रिपोर्ट के आधार संदेह किया जाना सार्थक नहीं लगता अगर इसका अंजाम गरीबों का सचमुच कल्याण करना साबित हो।
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